रिपोर्ट: राजीव गुप्ता, आष्टा, जिला सीहोर (मध्यप्रदेश)

नवागत ब्लॉक मेडिकल ऑफिसर (बीएमओ) डॉ अमित गणेश माथुर ने आज आष्टा सिविल अस्पताल में कार्यभार ग्रहण करने से पहले एक प्रेरणादायक उदाहरण प्रस्तुत किया।

उन्होंने अस्पताल परिसर में प्रवेश करने से पूर्व प्रवेश द्वार की सीढ़ियों पर नतमस्तक होकर नमन किया और सेवा भावना के प्रतीक रूप में अपने कार्य की शुरुआत की।इस अवसर पर पूर्व बीएमओ डॉ जी. डी. सोनी के सेवानिवृत्ति समारोह का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में डॉ अमित माथुर द्वारा डॉ सोनी को पुष्पमाला, शाल एवं श्रीफल भेंट कर सम्मानित किया गया, वहीं डॉ सोनी ने भी अपने उत्तराधिकारी का हृदयपूर्वक स्वागत किया।

कार्यभार ग्रहण करते ही डॉ माथुर ने अस्पताल के इनडोर वार्डों का निरीक्षण किया, मरीजों की स्थिति की जानकारी ली और उचित उपचार के निर्देश दिए। उनके इस सक्रियता भरे कदम की सराहना की गई।इस गरिमामयी कार्यक्रम में विकासखंड आष्टा के समस्त अधिकारी, चिकित्सा स्टाफ एवं कर्मचारीगण उपस्थित रहे। सभी ने डॉ सोनी के सेवाकाल की सराहना करते हुए विदाई दी और डॉ माथुर के सेवा काल के लिए शुभकामनाएं प्रकट कीं।

यह भी उल्लेखनीय है कि डॉ अमित माथुर को 15 दिन पूर्व ही पदभार ग्रहण करने के आदेश प्राप्त हो चुके थे, लेकिन उन्होंने अपने से वरिष्ठ अधिकारी डॉ सोनी के कार्यकाल के पूर्ण होने का सम्मान करते हुए आज ही पदभार ग्रहण किया।दबंग न्यूज भोपाल से विशेष बातचीत में उन्होंने अपनी प्राथमिकताएं स्पष्ट करते हुए कहा कि उनका लक्ष्य स्वास्थ्य सेवाओं को प्राथमिकता, मरीजों की सुविधा, और पारदर्शी प्रशासन रहेगा।


सिविल अस्पताल आष्टा में विश्व तम्बाकू निषेध दिवस मनाया गयासिविल अस्पताल आष्टा में 31 मई को विश्व तम्बाकू निषेध दिवस के अंतर्गत जनजागृति रैली का आयोजन किया गया।
इस अवसर पर मुख्य खंड चिकित्सा अधिकारी डॉ. जी. डी. सोनी ने उपस्थित लोगों को संबोधित करते हुए बताया कि तम्बाकू उत्पादों से बने बीड़ी, सिगरेट, गुटखा, पाउच आदि के सेवन से मुख का कैंसर एवं फेफड़ों से संबंधित गंभीर बीमारियाँ होती हैं। अतः आम जन को चाहिए कि इन हानिकारक उत्पादों से दूरी बनाकर स्वयं व अपने परिवार को स्वस्थ जीवन प्रदान करें।डॉ. सोनी ने यह भी बताया कि तम्बाकू की लत धीरे-धीरे शरीर को खोखला कर देती है और यह मौत का कारण भी बन सकती है। इसलिए आज के दिन हमें यह संकल्प लेना चाहिए कि तम्बाकू का सेवन न करें और दूसरों को भी इसके लिए प्रेरित करें।इस अवसर पर स्वास्थ्य कर्मचारी, अधिकारी, एवं अन्य स्टाफ सदस्य उपस्थित रहे। जनजागृति रैली के माध्यम से लोगों को तम्बाकू के दुष्प्रभावों की जानकारी दी गई और नशामुक्ति का संदेश दिया गया।

