प्रभु नगर भ्रमण करते हुए अपनी मौसी के घर श्री भवानीशंकर शर्मा के निवास बुधवारा पधारे जहां श्रद्धालुओं ने उनका भव्य स्वागत किया।
रिपोर्ट: राजीव गुप्ता, आष्टा (जिला सीहोर)

भगवान जगन्नाथ जी की रथ यात्रा महोत्सव का यह 21वां वर्ष है, जो अलीपुर स्थित जगदीश मंदिर से प्रारंभ होकर परंपरानुसार बुधवारा स्थित आनंद धाम (मौसी के घर) तक पूरी श्रद्धा और उत्साह के साथ निकाली गई।

इस पावन अवसर पर भगवान जगन्नाथ जी रथ पर विराजमान होकर नगर भ्रमण करते हुए अपनी मौसी के घर श्री भवानीशंकर शर्मा के निवास बुधवारा पधारे जहां श्रद्धालुओं ने उनका भव्य स्वागत किया।धर्माधिकारी पंडित गजेन्द्र शास्त्री ने जानकारी देते हुए बताया कि – “भगवान जगन्नाथ जी के पधारने पर आनंदधाम परिसर में प्रतिवर्ष की भांति इस वर्ष भी संगीत मय श्रीमद् भागवत महापुराण कथा का आयोजन किया गया है।”

*भागवत कथा का शुभारंभ* आज कथा के प्रथम दिवस में पंडित कन्हैया लाल शर्मा ने कथा वाचन करते हुए श्रीमद् भागवत महापुराण की महिमा का सुंदर वर्णन किया। उन्होंने कहा – “भागवत एक अद्वितीय और दिव्य ग्रंथ है। इसके आधे श्लोक का पाठ करने मात्र से ही जीवन में मुक्ति का मार्ग प्रशस्त हो जाता है।” उन्होंने श्रद्धालुओं को भागवत जी के महत्व को विस्तार से बताया और आध्यात्मिक रूप से जोड़ने का प्रयास किया।
*कथा आयोजन का समय:* दिनांक: 28 जून से 4 जुलाई 2025 तकसमय: प्रतिदिन दोपहर 2:00 बजे से शाम 5:00 बजे तक स्थान: आनंद धाम, बुधवारा, आष्टा *श्रद्धालुओं से अपील:*

पंडित भवानी शंकर शर्मा एवं परिवार ने सभी भागवत प्रेमियों व श्रद्धालु भक्तों से निवेदन किया है कि – “आप सभी सपरिवार इस पुण्य अवसर पर पधारें एवं श्रीमद्भागवत कथा श्रवण कर पुण्य लाभ अर्जित करें।”प्रथम दिवस की उपस्थिति:आज भागवत कथा श्रवण करने हेतु अनेक श्रद्धालु उपस्थित हुए।

प्रमुख रूप से शिव श्री वादी, ज्ञान सिंह मेवाड़ा, पंडित भवानी शंकर शर्मा, गजेंद्र शर्मा, उमा चंद्रशेखर शर्मा, चंचु ताम्रकार, बृजमोहन सोनी, दीपेश भूतिया सहित अनेक भक्तगणों ने भगवान की कथा का श्रवण कर दिव्य अनुभूति प्राप्त की।

